पर्यावरण संरक्षण के लिए बस्तर जिले के कबीर पंथ अनुयायियों ने किया पौध रोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संकल्प।
रिपोर्ट – जय शंकर पांडे
11 अगस्त 2026, जगदलपुर / सदगुरु कबीर धनिधर्मदास वंशावली मिशन के प्रवर्तक एवं कबीर पंथ सोलहवें वंशाचार्य पंथ हुजूर उदितमुनि नाम साहब जी के आवाह्न पर आज 9 अगस्त को वन एवं पर्यावरण संरक्षण करने के लिए बस्तर जिले के कबीर पंथ अनुयायियों ने विश्व वंदनीय सद्गुरु कबीर धनिधर्मदास साहब एवं माता -पिता के नाम पर पौधारोपण कर संरक्षित कर पर्यावरण संरक्षण करने का संकल्प लिया।

सद्गुरु कबीर धनिधर्मदास वंशावली मिशन जिला इकाई बस्तर जिला के प्रतिनिधि श्याम दीवान, परोपकारी प्रतिनिधि पवनदास बघेल, महिला प्रतिनिधि श्रीमती हीरामनी सेठिया, जिला सलाहकार लक्ष्मीकांत पंत एवं भानपुरी तहसील के प्रतिनिधि बिधियाधर के संयुक्त नेतृत्व में पर्यावरण की संरक्षण के लिए जागरूक करते हुए फलदार पौधों का वितरण करते हुए रोपण कार्य कराया गया।
सद्गुरु कबीर धनिधर्मदास वंशावली मिशन जिला बस्तर के जिला प्रतिनिधि श्याम दीवान ने बताया कि तहसील भानपुरी, करपावंड, बकावंड, लोहंडीगुड़ा, तोकापाल एवं जगदलपुर में निवास करने वाले कबीर पंथ अनुयायियों को वृक्षारोपण कार्य करने पर होने वाले फायदे जैसे हरियाली, फलों से आर्थिक लाभ, पथिकों को छांव, ईंधन सहित पर्यावरण संतुलन आदि विभिन्न फायदे बताकर उन्हें जागरूक किया गया जिससे प्रेरित होकर कबीर पंथ अनुयायियों ने एक ही दिन में आम, जामुन, कटहल, नीम्बू, नीम सहित विभिन्न प्रजातियों के लगभग बारह सौ से अधिक संख्या में पौध रोपण किया गया है, और 31 अगस्त 2026 तक बस्तर जिले के कबीर पंथ अनुयायियों द्वारा लगभग एक हजार पौधे रोपित किया जाना है।
एसकेडीव्ही मिशन जिला बस्तर के सलाहकार महंत लक्ष्मीकांत पंत ने बताया कि विभिन्न जीव आत्माओं के स्वस्थ व दिर्घायु जीवन के लिए पेड़-पौधों की अवैध कटाई करना काफी घातक है, पेड़-पौधों कर रोपण कर संरक्षित करने से मानव ही नहीं बल्कि सभी जीवात्माओं की स्वस्थ व दिर्घायु जीवन को बेहतर बनाने की मानसिकता सभी में होने चाहिए।
